शान में कसीदे पढ़ने से बसपा को नहीं मिलेगा ब्राह्मणों का वोट
लखनऊ। दलित, ओबीसी, माइनारिटीज, आदिवासी परिसंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व सांसद डॉ. उदितराज ने कहा कि उत्तर प्रदेश में भाजपा के ब्राह्मण विधायकों की एकअलग बैठक से बवाल खड़ा हो गया है। सीएम योगी के राज में ब्राह्मणों कोवह रुतबा नहीं मिल रहा है जो ठाकुरों का है। ब्राह्मण विधायक भले नाराज हों, लेकिन उनका समाज अभी भी वोट भाजपा को ही दे रहा है।

उदितराज ने एक्स पर लिखा है कि मान लिया जाए कि कुछ ब्राह्मण नाराज होकर बसपा को वोट दे दें, जिसकी न के बराबर ही उम्मीद है। अगर ऐसा हुआ तो भी इसमें भाजपा को ही फायदा होगा क्योंकि ब्राह्मणों का वोट कांग्रेस या समाजवादी पार्टी में तो नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि तत्परता दिखाते हुए मायावती जी ने फौरान आगे आकर ब्राह्मणों के सम्मान में भागीदारी की बात उठा दी। क्या यही तत्परता कभी दलित अधिकार के लिए उन्होंने दिखायी है। सुप्रीम कोर्ट पिछले अगस्त ग्यारह लाख अस्थायी कर्मियों को पक्का करने का आदेश दे चुका है, लेकिन उसपर मायावती जी चुप हैं। लाखों दलित और पिछड़ों को पक्की नौकरी मिलती । इनके भी भक्त अब वैसे ही हैं जैसे मोदी के हैं। अब भक्ति से न खुद का विकास और न ही देश का विकास होता है सिवाय भावना का तुष्टिकरण के।