बलरामपुर चिकित्सालय में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए शुरू किया अभियान
लखनऊ। बलरामपुर चिकित्सालय, लखनऊ के निदेशक डॉ. बीकेएस चौहान ने चिकित्सालय की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को चुस्त-दुरुस्त और मरीजों के अनुकूल बनाने के लिए परिसर का गहन और विस्तृत निरीक्षण किया।
निदेशक चौहान ने इमरजेंसी, पैथोलॉजी, सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक, ओपीडी और सभी वार्डों का करीब दो से तीन घंटे तक सूक्ष्मता से औचक राउंड लिया।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने एक-एक व्यवस्था को खुद परखा और मरीजों को मिल रही स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लिया।
उन्होंने चिकित्सकों और स्टाफ को निर्देश दिए कि मरीजों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी

समयबद्धता और लापरवाही पर कड़ी फटकार
राउंड के दौरान डॉ. चौहान ने अधिकारियों, स्टाफ को सख्त लहजे में हिदायत दी कि मरीजों की सेवा में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। समय पालन (पंकचुएलिटी), साफ-सफाई और मरीजों की देखभाल को लेकर जहाँ भी कमियाँ पाई गईं, वहाँ उपस्थित जिम्मेदार स्टाफ को कड़ी फटकार लगाते हुए तत्काल सुधार के सख्त निर्देश दिए।
शाम को पुनः नई बिल्डिंग का निरीक्षण
निदेशक ने शाम को अस्पताल छोड़ने से पहले, करीब 7:00 बजे एक बार फिर नई बिल्डिंग के सभी वार्डों का विधिवत राउंड किया। उन्होंने अस्पताल परिसर में उपस्थित सभी कर्मियों को सख्त हिदायत देते हुए कहा कि अस्पताल का उद्देश्य हर मरीज को समय पर पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण इलाज उपलब्ध कराना है।
डॉ. बीकेएस चौहान के इस कड़े रुख और निरंतर सक्रियता से जहाँ एक ओर अस्पताल प्रबंधन और कर्मचारियों में अनुशासन का माहौल बना है, वहीं दूसरी ओर दूर-दराज से आने वाले मरीजों को बेहतर और त्वरित चिकित्सा सुविधा मिलने की उम्मीद और मजबूत हुई है। निदेशक की इस संवेदनशील और निष्ठावान कार्यशैली की हर तरफ सराहना हो रही है।
