स्वामी प्रसाद मौर्य बोले यूजीसी के नये नियम लागू कराये सरकार
लखनऊ। अपनी जानता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एव पूर्व मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने अपने हजारों समर्थकों के साथ लखनऊ स्थित दारुल सफा से यूजीसी रेगुलेशन को लागू करने के समर्थन में प्रदर्शन किया। स्वामी प्रसाद मौर्य का कहना था कि इस कानून से दलित और पिछड़ा वर्ग के छात्र-छात्राओं को न्याय मिलेगा।

विश्वविद्यालयों और तकनीकी व मेडिकल शिक्षण संस्थानों में इन वर्ग के छात्र-छात्रोओं का काफी उत्पीड़न होता है। इन्हें फेल करने व इनका करियर खराब करने के लिए परीक्षा में इनके नंबर कम कर दिये जाते हैं।यूजीसी की नयी नियमावली लागू होने से दलित व पिछड़ा वर्ग के साथ अपने साथ होने वाले अन्याय की शिकायत समता समिति के समक्ष रख सकेंगे। उनका कहना है कि सवर्ण समाज के लोग कह रहे हैं कि वह छात्रों के साथ जाति के आधार पर किसी भी तरह का कोई उत्पीड़न नहीं करते हैं तो ऐसे में नया नियम आने से उन्हें डरने की जरूरत नहीं होनी चाहिए।

दरअसल उच्च शिक्षण संस्थानों में बैठे सवर्ण प्रोफेसर जातिगत भावना के कारण ही दलित व ओबीसी के छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करते हैं। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार सुप्रीम कोर्ट में यूजीसी के नये नियमों को लागू कराने के लिए इस पर लगायी गयी रोक को हटवाने के लिए मजबूत पैरवी करे और समता समिति में दलितों व पिछड़ा वर्ग के सदस्यों की संख्या पांच हो, ताकि किसी के साथ अन्याय की शिकायत पर समिति में शामिल इन वर्गों के सदस्य निष्पक्ष तरीके से जांच करके दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश कर सकें। इससे दलित और ओबीसी के छात्रों के साथ अन्याय करने की प्रवृत्ति रुकेगी।